Rudra Yamala Tantra With Hindi | रुद्र यामल तन्त्र हिन्दी संस्कृत PDF ]

Rudra Yamala Tantra With Hindi | रुद्र यामल तन्त्र हिन्दी संस्कृत
डॉ. रुद्रदेव त्रिपाठी द्वारा हिन्दी अनुवाद सहित – इस महत्त्वपूर्ण तन्त्र ग्रन्थ के लेखक एवं संपादक डॉ. रुद्रदेव त्रिपाठी हैं। डॉ. त्रिपाठी संस्कृत और हिंदी के प्रकांड विद्वान हैं, और उन्होंने तन्त्र-शास्त्र के गूढ़ विषयों पर गहन शोध और लेखन किया है। उन्हें ‘साधना एवं सिद्धि’ तथा ‘बटुक भैरव साधना’ जैसे प्रतिष्ठित ग्रन्थों के लेखक के रूप में भी जाना जाता है, जो तन्त्र साहित्य में उनके गहरे ज्ञान और अनुभव को दर्शाते हैं।
Language: Sanskrit / Hindi
Publisher: Not specified
Year of Publication: Not specified
File Size: 102.5MB
Total Pages: 300
Author: Dr Rudradev Tripathi
Editor: Not specified
Printer: Not specified
Place of Printing: Not specified
Source: Internet Archive
रुद्रयामल तन्त्र भारतीय तन्त्र-शास्त्र के गहन और विस्तृत ज्ञान का एक अद्भुत विश्वकोश है। यह ग्रन्थ विशेष रूप से सर्वतोभद्र साधनाओं का सिद्धिप्रद संग्रह माना जाता है, जो साधकों को विभिन्न प्रकार की सिद्धियाँ प्राप्त करने का मार्ग प्रशस्त करता है।

